2 अक्टूबर 2014 को राज् घाट से माननीय प्रधानमंत्री मोदी ने स्वच्छ भारत अभियान का आरंभ किया. यहां आपको यह भी बता दें कि महात्मा गांधी को अपना आदर्श मानने वाली अन्य राजनीतिक पार्टियों ने गांधी के स्वच्छता वाली बातों को हमेशा किनारे रखा.

स्वच्छ भारत को एक महत्वपूर्ण अभियान बताते हुए मोदी जी ने स्वच्छ भारत प्रगतिशील भारत का लक्ष्य रखा है. अपने आपको प्रधान सेवक बताने वाले नरेंद्र मोदी खुद हाथ में झाड़ू लिए साफ सफाई करके यह संदेश देने की कोशिश की है कि भारत को स्वच्छ रखना हर एक भारतीय का फर्ज है. जापान दुनिया का एक बहुत ही बड़ा आर्थिक ताकत है, इसकी एक बहुत ही बड़ी वजह वहां के नागरिकों स्वच्छता के प्रति जागरूकता है प्लेग, स्वाइन फ्लू , मलेरिया, डेंगू, मानसिक बुखार (जापानी बुखार) ऐसी कई बीमारियां है जो और असस्वच्छ वातावरण के वजह से फैलती है.

एक बीमार एवं रोगी समाज देश के प्रगति में बाधक होता है. यहां यह बात समझ लेना जरूरी है कि यह सब बीमारियां बच्चों में ज्यादा पाई जाती हैं. अपने वातावरण और देश को स्वच्छ करके हम अपने बच्चों के उज्जवल भविष्य की एक आधार कायम कर रहे हैं. मुझे बॉलीवुड फिल्म मैं कोई खास दिलचस्पी नहीं है परंतु यह देख मैं काफी प्रसन्न हुआ की टॉयलेट एक प्रेम कथा जैसी मूवी भी बनने लगी है, यह मोदी जी का करिश्मा ही है जो अक्षय कुमार और अन्य बॉलीवुड स्टार को यह प्रेरणा दे रहा है किस समाज से जुड़ी हुई जरूरी चीजों को दर्शाया जाए

परंतु एक सवाल आप सबसे यह भी है , क्या भारत को स्वच्छ रखना सिर्फ सरकार की जिम्मेदारी है? क्या आप और हमारे जैसे भारतीयों का कोई फर्ज नहीं अपने देश के लिए, सरकार देश की जनता एवं समाज का प्रतिनिधित्व करती है.

नरेंद्र मोदी के तौर पर देश को एक ऐसा प्रधानमंत्री मिला है जो स्वच्छता जैसी मूलभूत चीजों पर जोर डाल रहे हैं, देश को स्वच्छ रखा जाए !!

स्वच्छ भारत
अतुल्य भारत
जय हिंद