गुजरात एटीएस टीम को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। शुक्रवार(1 जून) को एटीएस की टीम ने 1993 मुंबई सीरियल ब्लास्ट के आरोपी अहमद मोहम्मद लंबू को धारिया से गिरफ्तार किया है।

लंबू को दाउद इब्राहीम का काफी करीबी माना जाता है। जिसे एटीएस की टीम ने गुरुवार देर रात एक ऑपरेशन चलाकर गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है कि लंबू अर्जुन गैंग का हिस्सा था, जिसमें मुसाफिर खाना, फिरोज अब्दुल, राशिद खान जैसे आतंकी शामिल हैं।

बता दें कि 12 मार्च, 1993 को दोपहर के बाद मुंबई के कई इलाकों में एक के एक बाद एक कुल 13 सीरियल बम धमाके हुए थे। इन धमाकों में 257 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई थी, जबकि 700 से ज्यादा लोग घायल थे, कहा जाता है कि देश के इतिहास में पहली बार इस तरह के सीरियल बम ब्‍लास्‍ट हुए।

धमाके के लिए आरडीएक्‍स का इस्तेमाल हुआ तबाही मचाने के लिए तीन हजार किलो से भी ज्यादा आरडीएक्‍स मुंबई में समुद्र के किनारे उतारा गया था, जबकि इनमें से सिर्फ 10 फीसदी ही इस्तेमाल हुआ था।

पिछले साल इस मामले की सुनवाई करते हुए स्पेशल टाडा कोर्ट ने मर्चेंट और फिरोज खान को फांसी की सजा सुनाई गई थी। वहीं अबू सलेम और करीमुल्‍ला शेख को उम्रकैद दी गई थी। इसके अलावा रियाज सिद्दीकी को 10 साल की सजा सुनाई गई।

अदालत ने सलेम और करीमुल्‍ला पर दो-दो लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। इससे पहले कोर्ट 6 जून 2017 को अंडरवर्ल्‍ड डॉन अबू सलेम समेत छह दोषियों को दोषी ठहरा चुकी थी,  उसके बाद इनमें से एक मोहम्मद दौसा की जेल में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई थी।

इन जगहों पर हुए थे सिलसिलेवार धमाके

-माहिम सेतु में मछुआरा कालोनी
-झवेरी बाजार
-प्लाजा सिनेमा
-सेंचुरी बाज़ार
-कथा बाज़ार
-होटल सी रॉक
-सहार हवाई अड्डा
-एयर इंडिया बिल्डिंग
-होटल जुहू सेंटूर
-वर्ली
-मुंबई स्टॉक एक्सचेंज बिल्डिंग
-पासपोर्ट ऑफिस